https://www.xxzza1.com
Monday, July 15, 2024
Home देश मैला ढोने की प्रथा अमानवीय और देश के लिए शर्म का विषय...

मैला ढोने की प्रथा अमानवीय और देश के लिए शर्म का विषय : समाजिक कार्यकर्ताओं ने कहा

– मोहम्मद नौशाद ख़ान

नई दिल्ली | मानवाधिकार कार्यकर्ताओं और विभिन्न सोशल एक्टिविस्ट ने भारत में मैनुअल स्कैवेंजिंग, हाथ से मैला ढोने की प्रथा पर प्रतिबंध लगाने वाले कानूनों के बावजूद देश में इस “अमानवीय कृत्य” के जारी रहने की कड़ी आलोचना की है.

कुछ हफ्ते पहले दिल्ली और दिल्ली की सीमा से सटे यूपी के नोएडा में सेप्टिक टैंक और गटर की मैन्युअल सफाई के दौरान आठ लोगों की जान जाने की घटनाओं पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सामाजिक कार्यकर्ताओं और मानवाधिकार कार्यकर्ताओं ने अपनी टिप्पणी दी.

न्याय और समानता के लिए लड़ने वाले विभिन्न संगठनों से जुड़े जमात-ए-इस्लामी हिंद के उपाध्यक्ष प्रो. मोहम्मद सलीम इंजीनियर ने सरकार से हाथ से सीवर की सफाई के चलन खिलाफ कानूनों को सख्ती से लागू करने का आग्रह किया ताकि इस घृणित प्रथा को पूरी तरह से खत्म किया जा सके.

इंडिया टुमारो के संवाददाता से बात करते हुए जेआईएच उपाध्यक्ष प्रो. सलीम इंजीनियर ने सरकार को सीवर की सफाई के लिए मनुष्यों को सीवर में उतरने की नीति बनाए रखने वालों को दंडित करने की सलाह दी. उन्होंने कहा कि जमात-ए-इस्लामी पहले भी ऐसे मुद्दे उठाती रही है और आगे भी उठाती रहेगी.

आईआईटी-कानपुर के पूर्व छात्र रहे और वर्तमान में जेआईएच के पदाधिकारी ने सुझाव दिया कि न्यायपालिका को स्वत: संज्ञान लेना चाहिए और श्रमिकों को सिर पर मैला ढोने के लिए मजबूर करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए.

भारत में मैला ढोने की प्रथा के उन्मूलन के लिए असाधारण काम करने के लिए 2016 में रेमन मैग्सेसे पुरस्कार से सम्मानित बेजवाड़ा विल्सन ने कहा कि यह एक राष्ट्रीय शर्म की बात है कि देश की आज़ादी के 75 साल बाद भी भारत में मैला ढोने की प्रथा जारी रही.

उन्होंने कहा कि 10 साल पहले सुप्रीम कोर्ट ने एक आदेश के ज़रिए मैला ढोने की प्रथा पर प्रतिबंध लगा दिया था. विल्सन ने कहा, “यह वास्तव में शर्म की बात है कि ऐसी भयानक प्रथा अभी भी बंद नहीं हुई है.”

हाथ से मैला साफ करने की प्रथा पर प्रतिबंध लगाने के लिए भारत सरकार द्वारा पारित कानून हैं: मैनुअल स्केवेंजर्स का रोज़गार निषेध और शुष्क शौचालयों का निर्माण (निषेध) अधिनियम, 1993, और मैनुअल स्कैवेंजर्स के रूप में रोजगार का निषेध और उनका पुनर्वास अधिनियम, 2013. फिर भी हाथ से मैला ढोने की यह प्रथा जारी है.

जन साहस सोशल डेवलपमेंट सोसाइटी के संस्थापक और निदेशक आसिफ शेख, जो मैनुअल स्कैवेंजिंग और जबरन श्रम के अन्य रूपों से 40,000 से अधिक लोगों का पुनर्वास करने का दावा करते हैं, ने कहा कि जब तक भारत में एक भी मैनुअल स्कैवेंजर मौजूद है, यह राष्ट्रीय शर्म की बात है.

“अनसीन: द ट्रुथ अबाउट इंडियाज़ मैनुअल स्केवेंजर्स” नामक पुस्तक की लेखिका पत्रकार भाषा सिंह ने कहा कि इस बुरी प्रथा के खिलाफ कई कानून पारित होने के बावजूद भारत में मैनुअल स्कैवेंजिंग अभी भी प्रचलित है.

सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, पिछले पांच सालों में भारत में सीवर और सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान 339 लोगों की मौत हो चुकी है. सामाजिक न्याय और अधिकारिता राज्य मंत्री रामदास अठावले ने हाल ही में लोकसभा में एक प्रश्न का उत्तर देते हुए कहा कि मैनुअल स्कैवेंजिंग से होने वाली मौतों के मामलो में 2023 में 9 मौतें, 2022 में 66, 2021 में 58, 2020 में 22, 2019 में 117 और 2018 में 67 मौतें दर्ज की गईं.

- Advertisement -
- Advertisement -

Stay Connected

16,985FansLike
2,458FollowersFollow
61,453SubscribersSubscribe

Must Read

जम्मू-कश्मीर के साथ मोदी सरकार का विश्वासघात लगातार जारी: कांग्रेस अध्यक्ष, मल्लिकार्जुन खड़गे

इंडिया टुमारो नई दिल्ली | गृह मंत्रालय ने उपराज्यपाल की शक्तियां बढ़ाने के लिए हाल ही में जम्मू और...
- Advertisement -

किसानों को रोकने के लिए शंभू बॉर्डर बंद करने पर सुप्रीम कोर्ट ने हरियाणा सरकार को लगाई फटकार

इंडिया टुमारो नई दिल्ली | किसानों के आंदोलन के कारण शंभू बॉर्डर बंद करने को लेकर शुक्रवार को सुप्रीम...

पेपर लीक मामला: BJP की सहयोगी पार्टी के दो विधायकों समेत 19 आरोपियों के विरुद्ध गैर ज़मानती वारंट जारी

इंडिया टुमारो नई दिल्ली | पेपर लीक मामले में उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार की सहयोगी पार्टी सुभासपा...

यूरोप में रूढ़िवादी और कट्टरपंथी नेताओं के उदय के बीच ईरान ने चुना सुधारवादी राष्ट्रपति

-सैयद ख़लीक अहमद नई दिल्ली | ऐसे समय में जब उदारवादी यूरोप में अति-राष्ट्रवादी और कट्टरपंथी रूढ़िवादी मज़बूत हो...

Related News

जम्मू-कश्मीर के साथ मोदी सरकार का विश्वासघात लगातार जारी: कांग्रेस अध्यक्ष, मल्लिकार्जुन खड़गे

इंडिया टुमारो नई दिल्ली | गृह मंत्रालय ने उपराज्यपाल की शक्तियां बढ़ाने के लिए हाल ही में जम्मू और...

किसानों को रोकने के लिए शंभू बॉर्डर बंद करने पर सुप्रीम कोर्ट ने हरियाणा सरकार को लगाई फटकार

इंडिया टुमारो नई दिल्ली | किसानों के आंदोलन के कारण शंभू बॉर्डर बंद करने को लेकर शुक्रवार को सुप्रीम...

पेपर लीक मामला: BJP की सहयोगी पार्टी के दो विधायकों समेत 19 आरोपियों के विरुद्ध गैर ज़मानती वारंट जारी

इंडिया टुमारो नई दिल्ली | पेपर लीक मामले में उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार की सहयोगी पार्टी सुभासपा...

यूरोप में रूढ़िवादी और कट्टरपंथी नेताओं के उदय के बीच ईरान ने चुना सुधारवादी राष्ट्रपति

-सैयद ख़लीक अहमद नई दिल्ली | ऐसे समय में जब उदारवादी यूरोप में अति-राष्ट्रवादी और कट्टरपंथी रूढ़िवादी मज़बूत हो...

MSP की गारंटी जैसे मुद्दों को लेकर संयुक्त किसान मोर्चा ने फिर आंदोलन शुरू करने का किया ऐलान

इंडिया टुमारो नई दिल्ली | संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) ने गुरुवार को ऐलान किया कि वह न्यूनतम समर्थन मूल्य...
- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here