Saturday, September 24, 2022
Home देश यति नरसिंहानंद का विवादित बयान- 'मदरसों और एएमयू को बारूद से उड़ा...

यति नरसिंहानंद का विवादित बयान- ‘मदरसों और एएमयू को बारूद से उड़ा देना चाहिए’, केस दर्ज

अखिलेश त्रिपाठी | इंडिया टुमारो

लखनऊ | हाल ही में जेल से ज़मानत पर रिहा हुए और हमेशा विवादों में घिरे रहने वाले धर्मगुरु यति नरसिंहानंद ने एक बार फिर विवादित बयान देकर देश के साम्प्रदायिक सौहार्द को बिगाड़ने का काम किया है। उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में एक कार्यक्रम में शामिल होने गए यति नरसिंहानंद ने अपने विवादित बयान में मदरसों को निशाना बनाया, अलीगढ़ मुस्लिम युनिवर्सिटी (AMU) पर निशाना साधा, बम से उड़ा देने की बात कही और मुस्लिम समुदाय व इस्लाम पर आपत्तिजनक टिप्पणी की।

विवादित धर्मगुरु ने कहा कि, “मदरसे की तरह एएमयू को भी बारुद से उड़ा देना चाहिए और जितने लोग इसमें रहते हैं उन्हें डिटेंशन सेंटर में भेजकर उनके दिमाग का इलाज होना चाहिए और बिल्डिंग को बमों से ध्वस्त कर देना चाहिए।”

इस विवादित बयान के बाद अलीगढ़ में कार्यक्रम के आयोजकों और हिंदू महासभा की राष्ट्रीय अध्यक्ष पूजा शकुन पांडे, राष्ट्रीय प्रवक्ता अशोक पांडे के खिलाफ थाना गांधी पार्क में मामला दर्ज कर लिया है।

अलीगढ़ के एसपी सिटी कुलदीप गुनावत ने कहा है कि गांधी पार्क निवासी अशोक पांडे और पूजा शकुन पांडे द्वारा अपने निवास पर कार्यक्रम आयोजित किया गया था जिसमें स्वामी यति नरसिंहानंद सरस्वती द्वारा एक संप्रदाय विशेष के संस्थानों के संबंध में आपत्तिजनक टिप्पणी की गई जिसके आधार पर थाना गांधी पार्क में सुसंगत धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया गया है।

यति नरसिंहानंद ने यह विवादित बयान 18 सितंबर रविवार को अलीगढ़ में दिया है। वे यहां एक धार्मिक कार्यक्रम श्रीमद्भागवत कथा में आए हुए थे और उन्होंने यहां पर विवादित बयान देकर शांत माहौल में आग लगाने का काम किया है।

यति नरसिंहानंद ने यहां पर बोलते हुए विवादित बयान देते हुए कहा कि, “देश में मदरसे होने ही नहीं चाहिए। जितने भी मदरसे हैं, उनको बारूद से उड़ा देना चाहिए। जैसे चीन करता है। मदरसे के सारे विद्यार्थियों को ऐसे शिविरों में भेज देना चाहिए, जहां से उनके दिमाग से कुरान नामक वायरस निकाला जा सके।”

यति नरसिंहानंद ने अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (AMU) को भी निशाने पर लेते हुए उस पर भी तीखा हमला किया है। अपने विवादित बयान में कहा कि, “सारी दुनिया इस्लाम को जानती है। इस्लाम का यह सबसे बड़ा गढ़ है। यह वह गढ़ है, जहां से भारत के विभाजन की नींव रखी गई थी। इनके बारे में मैं बोलूं यह सही नहीं है। जो हाल मदरसों का है, इसको भी बिल्कुल उड़ा देना चाहिए।”

नरसिंहानंद ने आगे कहा कि, “इसमें से जो भी जितने लोग यहां रहते हैं, उन्हें डिटेंशन सेंटर में भेजकर उनके दिमाग का इलाज किया जाना चाहिए। पूरी बिल्डिंग को ध्वस्त कर देना चाहिए और बमों से उड़ा देना चाहिए।”

क़ानून व्यवस्था से बेख़ौफ़ होकर नरसिंहानंद ने विवादित बयान दिया और कहा कि मुकदमें तो लगते रहते हैं. हालांकि दूसरी तरफ योगी के दावे की भी पोल खुल रही कि कोई भी दंगाई या भड़काऊ बयान देने वाले के लिए यूपी में कोई भी जगह नहीं है।

इस विवादित धर्मगुरु ने अपने ऊपर मुकदमों को लगाए जाने के बारे में बोलते हुए कहा है कि, “मुकदमे लगते रहते हैं, क्योंकि हम सच बोलते हैं। आज भी जो बोला है, शायद उस पर भी मुकदमा लग जाए। हमें सरकार की मदद की जरूरत नहीं है। सरकार की मदद की साधू को क्या जरूरत है? हम तो साधू हैं। हम जेल में भी ऐसे ही हैं और यहां बाहर भी ऐसे ही हैं.”

मुक़दमें पर प्रतिक्रिया देते हुए उसने कहा कि, “हमें क्या फर्क पड़ने वाला है। हमें सरकार से किसी तरह की मदद की जरूरत नहीं है। हम सरकार से यदि मदद मांगते हैं, तो समाज के लिए मांगते हैं। अपने लिए हमें किसी सरकार की कोई मदद की जरूरत नहीं है।”

यति नरसिंहानंद ने वाराणसी की ज्ञानवापी मस्जिद को लेकर भी विवादित बयान देते हुए कहा है कि, “वह मस्जिद नहीं, वह तो मंदिर है। हिन्दू समाज जागृत हो गया है, जल्द ही यह हिंदू समाज के पास वापस होगा।”

यति नरसिंहानंद ने आगे बढ़कर और विवादित बयान देते हुए कहा है कि, “मैं तो कहता हूं कि मक्केश्वर महादेव पर मेहनत करनी चाहिए। हमें सारी मेहनत मक्केश्वर महादेव के लिए करनी चाहिए। मक्केश्वर महादेव हमारे पास आएं, हमें इसके लिए पूरी जान लगानी चाहिए।”

अपने अभद्र और विवादित बयान में यति नरसिंहानंद ने आगे कहा कि, “केवल ज्ञानवापी को लेकर क्या होगा? मक्केश्वर महादेव हमारे पास होने चाहिए। पूरी दुनिया में जहां मंदिरों को तोड़कर मस्जिदें बनाई गई हैं, वह सारे स्थान हमारे वापस आने चाहिए। यही धर्म है और यही मानवता है और इसके लिए जो भी कुछ करना हो,वह करा जाना चाहिए।”

विवादित धर्मगुरु ने आगे की प्लानिंग के बारे में कहा कि, “आगे प्लानिंग है, जो महादेव चाहें। हम लोग तो लगे रहेंगे अपने धर्म के लिए। रास्ता बनाने का काम महादेव का है। हम लोग हर तरह से अपनी धर्म की लड़ाई लड़ेंगे और धर्म के लिए ही लड़ते हुए मारे जाएंगे।”

यति नरसिंहानंद ने विवादित बयान देकर देश के साम्प्रदायिक सौहार्द को बिगाड़ने का काम किया है। साथ ही हिन्दू धर्म को भी अपमानित करने का काम किया है क्योंकि हिन्दू धर्म शांति और सद्भाव का धर्म है लेकिन इस प्रकार के धर्मगुरु विवादित बयान देकर हिन्दू धर्म की गलत व्याख्या करते हैं।

यति नरसिंहानंद द्वारा लगातार इस प्रकार के बयान देने पर योगी आदित्यनाथ सरकार की यह चुप्पी यूपी सरकार को कटघरे में खड़ा करती है। देश में रहने वाले सभी नागरिकों को एक समान अधिकार प्राप्त हैं और सभी नागरिक ईमानदारी से अपने अधिकार और कर्त्तव्य के साथ देश में रह रहे हैं।

भारत विभिन्नता का देश है और यहां पर सभी जातियों और धर्मों एवं संप्रदायों को मानने वाले और उनमें आस्था रखने वाले लोग रहते हैं। ऐसे में किसी व्यक्ति या साधू-संत और महामंडलेश्वर द्वारा किसी जाति, धर्म और सम्प्रदाय के लोगों को टारगेट कर उनके विरूद्ध हेट स्पीच, विवादित बयान देना हिंदू धर्म की मान्यताओं और परम्पराओं के खिलाफ है।

हिंदू धर्म की मान्यताओं और परम्पराओं में यह व्यवस्था है कि सभी धर्मों और सभी संप्रदायों का सम्मान किया जाए और आपस में सामंजस्य स्थापित किया जाए और मानवता एवं विश्वबन्धुत्व को आगे बढ़ाते हुए मानवता के लिए कार्य किया जाए। अपनी इसी भावना और सिद्धांतों के कारण विश्वभर में हिंदू धर्म के मानने वाले अपनी अच्छाइयों के साथ रहते हैं।

यति नरसिंहानंद जैसे तथाकथित धर्मगुरु स्वघोषित धर्म रक्षक, संत और महामंडलेश्वर हिंदू धर्म के बदनुमा दाग हैं। इस तरह के साधू-संतो और महामंडलेश्वर के कारनामों से देश और समाज में साम्प्रदायिक सौहार्द बिगड़ता है। इसलिए इनके विरुद्ध यूपी की योगी आदित्यनाथ की सरकार को सख्त कार्यवाही करनी चाहिए।

- Advertisement -
- Advertisement -

Stay Connected

16,985FansLike
2,458FollowersFollow
61,453SubscribersSubscribe

Must Read

जमाते इस्लामी हिंद ने की PFI पर NIA के छापे की निंदा, कहा-‘एजेंसियां राजनीति से प्रभावित न हों’

इंडिया टुमारो नई दिल्ली | भारत के प्रमुख मुस्लिम धार्मिक-सामाजिक संगठन जमाअत इस्लामी हिन्द के अध्यक्ष सय्यद सआदतुल्लाह हुसैनी...
- Advertisement -

यूपी में वक्फ सम्पत्ति को लेकर नया विवाद, सर्वे कर सरकारी ज़मीनों को वापस लेगी योगी सरकार

अखिलेश त्रिपाठी | इंडिया टुमारो लखनऊ | उत्तर प्रदेश में वक्फ सम्पत्ति के रूप में दर्ज सरकारी जमीनों को...

मायावती के भाजपा पर लगातार हमले से नए राजनीतिक समीकरण की उम्मीद जताते विश्लेषक

अखिलेश त्रिपाठी | इंडिया टुमारो लखनऊ | बसपा सुप्रीमो मायावती ने हाल ही में दिए अपने कुछ बयानों से...

मौलवी मोहम्मद बाक़र मेमोरियल लेक्चर: वक्ताओं ने मीडिया से उनके पदचिन्हों पर चलने को कहा

सैयद ख़लीक अहमद नई दिल्ली | प्रेस क्लब ऑफ इंडिया में बीते शुक्रवार को 19 वीं सदी के पत्रकार...

Related News

जमाते इस्लामी हिंद ने की PFI पर NIA के छापे की निंदा, कहा-‘एजेंसियां राजनीति से प्रभावित न हों’

इंडिया टुमारो नई दिल्ली | भारत के प्रमुख मुस्लिम धार्मिक-सामाजिक संगठन जमाअत इस्लामी हिन्द के अध्यक्ष सय्यद सआदतुल्लाह हुसैनी...

यूपी में वक्फ सम्पत्ति को लेकर नया विवाद, सर्वे कर सरकारी ज़मीनों को वापस लेगी योगी सरकार

अखिलेश त्रिपाठी | इंडिया टुमारो लखनऊ | उत्तर प्रदेश में वक्फ सम्पत्ति के रूप में दर्ज सरकारी जमीनों को...

मायावती के भाजपा पर लगातार हमले से नए राजनीतिक समीकरण की उम्मीद जताते विश्लेषक

अखिलेश त्रिपाठी | इंडिया टुमारो लखनऊ | बसपा सुप्रीमो मायावती ने हाल ही में दिए अपने कुछ बयानों से...

मौलवी मोहम्मद बाक़र मेमोरियल लेक्चर: वक्ताओं ने मीडिया से उनके पदचिन्हों पर चलने को कहा

सैयद ख़लीक अहमद नई दिल्ली | प्रेस क्लब ऑफ इंडिया में बीते शुक्रवार को 19 वीं सदी के पत्रकार...

इंटरव्यू में लगे आरोप पर शेहला रशीद पहुंची कोर्ट, दिल्ली हाईकोर्ट ने सुधीर चौधरी से मांगा जवाब

नई दिल्ली | शुक्रवार को दिल्ली हाईकोर्ट ने जेएनयू छात्र संघ की पूर्व नेता शेहला रशीद की याचिका पर पत्रकार सुधीर चौधरी,...
- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here